Saturday, February 14, 2026
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✈️ एक ही हादसे में दो भविष्य उजड़ गए — प्लेन क्रैश ने देश को गम में डुबोया

 

अहमदाबाद, 12 जून 2025:

✈️ नई दिल्ली / अहमदाबाद,
गुजरात के अहमदाबाद से लंदन जा रही एक अंतरराष्ट्रीय फ्लाइट ने जैसे ही उड़ान भरी, कुछ ही पलों में आसमान में एक ऐसा मातम छा गया, जिसने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया।

इस विमान में कुल 232 यात्री और 10 क्रू मेंबर्स सवार थे। दोपहर के समय टेकऑफ के थोड़ी देर बाद ही यह विमान तकनीकी खराबी के चलते अनियंत्रित होकर क्रैश हो गया।

सबसे भयावह मोड़ तब आया, जब यह विमान सीधे एक एमबीबीएस स्टूडेंट्स के हॉस्टल पर गिरा — जहां छात्र लंच कर रहे थे, कोई रोटी माँग रहा था, कोई दाल… किसी को ज़रा भी भनक नहीं थी कि अगले ही पल उनका जीवन थम जाएगा।

🌪 240 से अधिक लोगों की दर्दनाक मौत की पुष्टि
विमान में सवार सभी यात्रियों और क्रू मेंबर्स की मौत की आधिकारिक पुष्टि हो चुकी है।

हॉस्टल में मौजूद अधिकांश छात्र भी इस भयानक हादसे की चपेट में आ गए।

दमकल और आपदा राहत दल घटनास्थल पर पहुंचकर राहत कार्य में जुटे हैं।

🕯️ एक हादसा, दो पीढ़ियों की बर्बादी
इस विमान में बैठे लोग या तो घूमने जा रहे थे, या अपनों से मिलने, कुछ विदेश में नए जीवन की शुरुआत की उम्मीद लिए हुए थे। वहीं हॉस्टल में मौजूद छात्र भविष्य के डॉक्टर बनने का सपना संजोए पढ़ाई में जुटे थे।

🔥 इस हादसे ने एक ही पल में उड़ते भविष्य और उभरते भविष्य, दोनों को निगल लिया।
कई मांओं की कोखें सूनी हो गईं, कई परिवार अपनों के लौटने का इंतज़ार करते रह गए।

🙏 राष्ट्रीय शोक की घोषणा संभव
सरकार ने इस दुर्घटना को लेकर गहरा दुख जताया है। प्रधानमंत्री ने ट्वीट कर कहा:

“यह हादसा हृदय विदारक है। ईश्वर सभी दिवंगत आत्माओं को शांति प्रदान करे और शोकाकुल परिजनों को संबल दे। हम सभी प्रभावित परिवारों के साथ हैं।”

🕊️ संदेश:
समय का खेल… सब कोई फेल।
जो उड़ने चले थे, और जो उड़ना सीख रहे थे —
दोनों ही ज़िंदगी के सबसे भयावह पल का शिकार हो गए।
ये हादसा सिर्फ एक दुर्घटना नहीं, देश के भविष्य पर एक गहरी चोट है।”

97.9 करोड़ मतदाताओं की ताकत, स्टॉकहोम में गूंजी भारत की लोकतांत्रिक गूंज CEC ज्ञानेश कुमार ने दुनिया को बताया चुनावी समावेशिता और पारदर्शिता का भारतीय मंत्र


नई दिल्ली/स्टॉकहोम, 11 जून 2025
स्वीडन के स्टॉकहोम में आयोजित Stockholm International Conference on Electoral Integrity में भारत के मुख्य निर्वाचन आयुक्त (CEC)  ज्ञानेश कुमार ने जब 97.9 करोड़ मतदाताओं, 10 लाख से अधिक मतदान केंद्रों और 62 लाख EVMs का ज़िक्र किया, तो वैश्विक मंच पर भारत की लोकतांत्रिक शक्ति को हर कोई दंग रह गया।

कुमार ने अपने मुख्य भाषण में भारत के चुनावी इतिहास, विविधता, निष्पक्षता और भागीदारी को विस्तार से प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा, “भारत में चुनाव सिर्फ सत्ता परिवर्तन नहीं, बल्कि हर नागरिक की भागीदारी का उत्सव हैं।”

 भारत की लोकतांत्रिक विशेषताएं जो बनीं चर्चा का केंद्र:

  • 979 मिलियन पंजीकृत मतदाता, दुनिया में सबसे अधिक

  • 743 राजनीतिक दल, 20,271 प्रत्याशी, और 10.5 लाख मतदान केंद्र

  • 62 लाख से अधिक EVMs, चुनाव प्रक्रिया की रीढ़

  • दिव्यांग, वरिष्ठ नागरिकों, थर्ड जेंडर और दूरस्थ क्षेत्रों तक चुनावी पहुंच

  • “कोई मतदाता न छूटे” की नीति से एक अकेले मतदाता वाले बूथ तक मतदान कराया गया

कुमार ने यह भी बताया कि भारत चुनावी पारदर्शिता को गंभीरता से लेता है। हर साल अपडेट होने वाली निर्वाचन सूची सभी मान्यता प्राप्त दलों से साझा की जाती है, जिससे दावा-आपत्ति की निष्पक्ष प्रक्रिया को बल मिलता है।

वैश्विक मंच पर भारत का संवाद

सम्मेलन के इतर कुमार ने मेक्सिको, इंडोनेशिया, दक्षिण अफ्रीका, जर्मनी, यूके सहित कई देशों के चुनाव अधिकारियों से द्विपक्षीय चर्चा की। प्रमुख मुद्दे रहे:

  • प्रवासी मतदान

  • चुनाव तकनीक का उन्नयन

  • संस्थागत मजबूती

  • मतदाता जागरूकता और भागीदारी

भारत के चुनाव आयोग की साख अब केवल राष्ट्रीय नहीं, बल्कि वैश्विक है — यही संदेश स्टॉकहोम में पूरी दुनिया ने सुना।

श्योपुर नगरीय क्षेत्र में ई-केवायसी समीक्षा के दौरान आंगनवाड़ी केंद्रों की सच्चाई हो सकती है उजागर — शादीशुदा कार्यकर्ता ससुराल से चला रहीं केंद्र, सुपरवाइजर श्योपुर में कर रही डीलिंग!

श्योपुर, 10 जून 2025
कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट अर्पित वर्मा के निर्देशन में जिले में समग्र ई-केवायसी कार्य जोरों पर चल रहा है। इसी कड़ी में शहरी विकास अभिकरण के परियोजना अधिकारी  मिलन पटेल ने नगरपालिका परिषद श्योपुर में बैठक कर नगरीय क्षेत्र में चल रहे ई-केवायसी कार्य की समीक्षा की।

बैठक में जिन कर्मचारियों की प्रगति संतोषजनक नहीं पाई गई, उन्हें तीन दिवस में सुधार लाने के निर्देश दिए गए। वहीं, वार्ड प्रभारियों को यह भी कहा गया कि ऐसे नाम सूची से हटाए जाएं जो मृतक, पलायनकर्ता या विवाहित महिलाओं के हों।

लेकिन इसी समीक्षा प्रक्रिया में खुली एक और सच्चाई—

सूत्रों के अनुसार, यदि विवाहित महिलाओं के नाम वाकई सूची से हटाए जाते हैं, तो श्योपुर के कई आंगनवाड़ी केंद्र ‘कार्यकर्ता विहीन’ हो सकते हैं। दरअसल, लगभग 10 में से 8 आंगनवाड़ी कार्यकर्ता या सहायिका ऐसी हैं जो शादी के बाद भी केंद्र चला रही हैं — वो भी अपने ससुराल से।

स्थानीय जानकारी के मुताबिक:
इन केंद्रों का संचालन ‘नाम मात्र’ का है। वास्तविक स्थिति यह है कि सुपरवाइजर स्वयं श्योपुर नगर में निवास करती हैं और आंगनवाड़ी केंद्रों पर प्रत्यक्ष रूप से उपस्थिति नहीं होती। कार्यकर्ताओं और सुपरवाइजर के बीच महीन समन्वय के जरिए यह ‘सिस्टम’ चलाया जा रहा है।

जानकारों का दावा है कि कार्यकर्ता को मिलने वाली ₹14,000 प्रतिमाह की तनख्वाह में से ₹2,000–₹4,000 तक की ‘बंदरबांट’ कर ली जाती है — और केंद्र कागजों में सुचारु रूप से संचालित दिखाए जाते हैं।

प्रशासन के लिए चुनौती:
वार्ड क्रमांक 14 के प्रभारी  रवि गुर्जर और वार्ड क्रमांक 09 के  अशोक नागर को चेतावनी दी गई है कि यदि निर्धारित समय में कार्य पूर्ण नहीं हुआ, तो 7 दिन का वेतन काटा जाएगा। लेकिन इस समीक्षा प्रक्रिया ने साफ कर दिया है कि ई-केवायसी के बहाने ज़मीनी स्तर पर व्याप्त भ्रष्टाचार और लापरवाही की परतें भी खुलने लगी हैं।

बैठक में मुख्य नगरपालिका अधिकारी राधेरमण यादव, नोडल अधिकारी  नीरज निगम, प्रभारी एचओ  सत्यभानु जाटव आदि भी उपस्थित रहे।

जनसुनवाई में जरूरतमंदों को मिला संबल: बेताल, पवन और दुलारी बाई को 10-10 हजार की आर्थिक सहायता, दिव्यांग बच्चों को स्पॉन्सरशिप योजना का लाभ

श्योपुर, 10 जून 2025
कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट  अर्पित वर्मा द्वारा मंगलवार को आयोजित जनसुनवाई कार्यक्रम में जरूरतमंदों की पीड़ा को तुरंत राहत में बदला गया। जनसुनवाई में प्राप्त 170 आवेदनों में से कई मामलों में मौके पर ही राहत प्रदान की गई। रेडक्रॉस सोसाइटी के माध्यम से तीन जरूरतमंदों—बेताल बंजारा, पवन शर्मा और दुलारी बाई—को 10-10 हजार रुपये की तात्कालिक आर्थिक सहायता दी गई।

ग्राम अर्रोदरी निवासी बेताल बंजारा को परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण 10 हजार रुपये की सहायता दी गई। साथ ही उनके दिव्यांग पुत्र हेमराज का आधार कार्ड बनवाकर पेंशन शुरू कराने के निर्देश भी दिए गए।

इसी प्रकार बडौदिया घाट की निराश्रित महिला श्रीमती दुलारी बाई को भी 10 हजार रुपये की सहायता राशि का चेक सौंपा गया। महिला के घर गिर जाने की जानकारी मिलने पर तहसीलदार को आरबीसी 6-4 के तहत प्रकरण तैयार करने के निर्देश दिए गए।

मधुवन कॉलोनी निवासी  पवन शर्मा को अपने पुत्र के उपचार हेतु सहायता मिली। उन्हें 10 हजार रुपये की आर्थिक सहायता देने के साथ-साथ आयुष्मान योजना के तहत मुफ्त इलाज की व्यवस्था करने के निर्देश आरबीएसके प्रभारी को दिए गए।

दिव्यांग दंपत्ति के बच्चों को मिलेगा मासिक स्पॉन्सरशिप लाभ
वार्ड नंबर 11 के दिव्यांग दंपत्ति छोटेलाल डोम के बच्चों को स्पॉन्सरशिप योजना में शामिल किया गया है, जिससे दोनों बच्चों को प्रतिमाह 4-4 हजार रुपये की सहायता मिलेगी। साथ ही, परिवार को बीपीएल सूची में शामिल करने, पात्रता पर्ची जारी करने और अन्य योजनाओं से जोड़ने के निर्देश भी संबंधित अधिकारियों को दिए गए।

कमलेश सेन को मिलेगा संबल योजना का लाभ
ग्राम सोई निवासी कमलेश सेन की पत्नी की मृत्यु पर मुख्यमंत्री जनकल्याण संबल योजना के अंतर्गत दो लाख रुपये की सहायता राशि स्वीकृत की गई है, जो शीघ्र ही उनके बैंक खाते में आएगी। साथ ही, श्री सेन को स्वरोजगार के लिए मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना में आवेदन कराने के निर्देश भी दिए गए, जिससे वह दोना-पत्तल का व्यवसाय शुरू कर सकें।

अधिकारियों की उपस्थिति में हुई त्वरित कार्यवाही
जनसुनवाई कार्यक्रम में सीईओ जिला पंचायत अतेन्द्र सिंह गुर्जर, डिप्टी कलेक्टर संजय जैन, महिला बाल विकास अधिकारी रिशु सुमन, तहसीलदार अर्जुन सिंह भदौरिया सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। कलेक्टर अर्पित वर्मा द्वारा अधिकतर समस्याओं का त्वरित निराकरण करते हुए आमजन को योजनाओं का लाभ दिलाया गया।

ई-केवायसी में लापरवाही पर कार्रवाई: 10 सचिव और 13 रोजगार सहायकों का 7 दिन का वेतन रोका

 

श्योपुर, 09 जून 2025:
कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट अर्पित वर्मा के निर्देशन में जिले में समग्र ई-केवायसी कार्य को गति देने के प्रयास लगातार जारी हैं। इसी कड़ी में जनपद पंचायत श्योपुर अंतर्गत ई-केवायसी कार्य की प्रगति में लापरवाही बरतने पर 10 पंचायत सचिवों एवं 13 रोजगार सहायकों (GRS) के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई की गई है। संबंधित कर्मचारियों का 7 दिवस का वेतन एवं मानदेय भुगतान रोकने के आदेश जारी किए गए हैं।

सीईओ जनपद पंचायत एसएस भटनागर ने जानकारी देते हुए बताया कि समग्र ई-केवायसी अभियान की प्रगति की प्रतिदिन समीक्षा की जा रही है। विगत पांच दिवसों की रिपोर्ट के आधार पर यह पाया गया कि जनपद क्षेत्र की 14 पंचायतों में कार्य की प्रगति अत्यंत धीमी रही, जिसके चलते संबंधित अधिकारियों पर यह कार्रवाई की गई।

जिन पंचायत सचिवों और रोजगार सहायकों पर कार्रवाई की गई है, उनके नाम इस प्रकार हैं:

  • ग्राम पंचायत मेवाड़ा: सचिव कश्मीर सिंह, जीआरएस  बलराम मीणा

  • बगडुआ: सचिव  रोशनलाल मीणा

  • मकड़ावदा कला: सचिव  जगदीश शर्मा, जीआरएस  दिलखुश मीणा

  • तेहखण्ड: सचिव ब्रजबल्लभ जाट, जीआरएस  प्रमोद गौड

  • हिरनीखेड़ा: जीआरएस  खेमराज जागिड

  • कुण्ड हवेली: सचिव  बनवारी लाल शर्मा, जीआरएस  रामरूप मीणा

  • तलावदा: जीआरएस  बलराम जाट

  • जानपुरा: सचिव  महावीर जाट, जीआरएस  मान सिंह

  • खिरखिरी: सचिव  रामभरोस गुप्ता, जीआरएस  घनश्याम रावत

  • नारायणपुरा: सचिव सीताराम शर्मा, जीआरएस  श्याम मीणा

  • तुलसैफ: जीआरएस हितेन्द्र हाडा

  • राधापुरा: सचिव मधुसूदन जाट, जीआरएस  वेदप्रकाश नागर

  • दलारना कला: सचिव  गिर्राज बंसल, जीआरएस रामस्वरूप

  • लहचौड़ा: सचिव  महावीर नागर, जीआरएस  पवन शर्मा

कलेक्टर  वर्मा ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सभी संबंधित अधिकारी ई-केवायसी कार्य को गंभीरता से लें, अन्यथा भविष्य में और भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जिले में शासन के निर्देशों के अनुरूप प्रत्येक पात्र नागरिक की ई-केवायसी पूर्ण कराने का लक्ष्य निर्धारित है, जिसमें लापरवाही किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

समग्र ई-केवायसी में लापरवाही पर बड़ी कार्रवाई, एक की सेवा समाप्त, दो निलंबित

श्योपुर, 08 जून 2025।
जिले में समग्र ई-केवायसी कार्य की धीमी प्रगति और लापरवाही को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट अर्पित वर्मा के निर्देशन में सख्त कदम उठाए गए हैं। जनपद पंचायतों एवं नगरीय निकायों के माध्यम से नागरिकों और ग्रामीणों की समग्र ई-केवायसी का कार्य किया जा रहा है, जिसकी प्रगति की नियमित समीक्षा की जा रही है।

इसी क्रम में एसडीएम श्योपुर बीएस श्रीवास्तव द्वारा नगरपालिका परिषद श्योपुर में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। समीक्षा के दौरान वार्ड क्रमांक 22 में ई-केवायसी की प्रगति मात्र 6 प्रतिशत पाई गई। साथ ही, संबंधित वार्ड प्रभारी  देशेन्द्र हाडा बैठक में अनुपस्थित पाए गए। इस पर उनकी सेवा समाप्त करने के निर्देश दिए गए।

वहीं, वार्ड क्रमांक 6 के प्रभारी मनीराम चंद्रवंशी और वार्ड क्रमांक 7 के प्रभारी  जगदीश प्रसाद सुमन को भी बैठक से गैरहाजिर रहने और कार्य में लापरवाही बरतने पर निलंबित करने के निर्देश जारी किए गए हैं।

इसके अलावा, अन्य 20 वार्डों के प्रभारियों को भी कार्य में ढिलाई पर अंतिम चेतावनी पत्र दिए गए हैं। उन्हें निर्देशित किया गया है कि प्रत्येक वार्ड प्रभारी प्रतिदिन कम से कम 100 लोगों की ई-केवायसी अनिवार्य रूप से पूर्ण करें।

इस महत्वपूर्ण बैठक में सीएमओ  राधेरमण यादव, उपयंत्री  पवन गर्ग समेत अन्य वार्ड प्रभारी भी उपस्थित रहे।

पूर्व मंत्री ने समर कैंप का किया निरीक्षण, बच्चों को बढ़ाया उत्साह

श्योपुर, 07 जून 2025:
कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट अर्पित वर्मा के मार्गदर्शन में 5 मई से 5 जून तक ग्रीष्मकालीन खेल प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया। यह शिविर प्रतिदिन प्रातः 6 बजे से 8 बजे तक आयोजित हुआ, जिसमें कॉलेज ग्राउंड एवं बायपास पार्क पर बच्चों को विभिन्न खेलों का प्रशिक्षण दिया गया। इन खेलों में फुटबॉल, कराते, खो-खो, हॉकी, वेटलिफ्टिंग, टेबल टेनिस, वॉलीबॉल तथा कबड्डी शामिल हैं। शिविर में अनुभवी व कुशल प्रशिक्षकों द्वारा बच्चों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया।

शनिवार को पूर्व मंत्री रामनिवास रावत ने विभिन्न स्थानों पर संचालित समर कैंपों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने प्रशिक्षुओं से खेलों से संबंधित जानकारी प्राप्त की तथा उनके अनुभव साझा किए। रावत ने बच्चों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें मनपसंद खेलों में नियमित अभ्यास के लिए प्रेरित किया।

इस अवसर पर भाजपा प्रदेश कार्य समिति के सदस्य रामलखन नापाखेड़ली, भरत गर्ग तथा जिला खेल अधिकारी अरुण सिंह चौहान भी उपस्थित रहे।

पूर्व मंत्री ने प्रशिक्षण शिविर की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने आयोजकों को सफल आयोजन के लिए बधाई दी और भविष्य में भी ऐसे आयोजनों को बढ़ावा देने की बात कही।

वाइल्ड लाइफ एरिया में 13 स्थानों पर अंडरपास का प्रस्ताव मेडिकल कॉलेज रोड जुलाई तक पूर्ण करने के निर्देश : कलेक्टर अर्पित वर्मा


श्योपुर, 06 जून 2025

कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट अर्पित वर्मा ने श्योपुर जिले में विभिन्न सड़क निर्माण परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को कई महत्त्वपूर्ण निर्देश दिए। शुक्रवार को आयोजित निर्माण विभागों की समीक्षा बैठक में उन्होंने गोरस से श्योपुर और श्यामपुर से सबलगढ़ तक नेशनल हाईवे-552 के निर्माण कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिये।

कलेक्टर वर्मा ने बताया कि गोरस से श्यामपुर मार्ग के 32.7 किलोमीटर हिस्से में कूनो वाइल्डलाइफ क्षेत्र शामिल है, जहाँ डीपीआर के अनुसार 13 स्थानों पर अंडरपास बनाए जाने का प्रस्ताव है। उन्होंने निर्देश दिए कि वाइल्डलाइफ विभाग से समन्वय स्थापित कर अंडरपास और फ्लाईओवर डिज़ाइन में आवश्यक संशोधन कराए जाएँ, जिससे एनओसी (अनापत्ति प्रमाण पत्र) प्राप्त करने की प्रक्रिया सरल हो।

इसी तरह, श्यामपुर से सबलगढ़ मार्ग के 55 किलोमीटर हिस्से में आने वाले श्योपुर जिले के 15 किलोमीटर क्षेत्र, जिसमें 9 किलोमीटर वाइल्डलाइफ क्षेत्र आता है, वहाँ कोरिडोर बनाया जाएगा। उन्होंने निर्देश दिए कि विभागीय अधिकारी उच्च स्तर पर समन्वय करते हुए जल्द एनओसी सुनिश्चित करें और आवश्यकता अनुसार जिला प्रशासन के माध्यम से पत्राचार भी करें।

मेडिकल कॉलेज रोड व पुल निर्माण में तेजी के निर्देश

कलेक्टर वर्मा ने पीडब्ल्यूडी अधिकारियों को निर्देश दिए कि 5 किलोमीटर लंबे मेडिकल कॉलेज रोड का निर्माण कार्य जुलाई माह तक पूर्ण किया जाए। विद्युत खंभों की शिफ्टिंग की प्रक्रिया में भी तेजी लाने के लिए विद्युत विभाग से समन्वय करने को कहा गया।

ब्रिज कॉर्पोरेशन को निर्देशित किया गया कि मेडिकल कॉलेज पुल का कार्य शीघ्रता से पूर्ण किया जाए, साथ ही वर्षा ऋतु से पहले नदी क्षेत्र में बन रहे 5 स्पॉन का निर्माण कार्य भी समय से कर लिया जाए। उन्होंने मानपुर और नागदा रोड पुलों को भी शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए।

अधूरी सड़कें और आंगनबाड़ी भवन निर्माण पर जोर

कलेक्टर वर्मा ने बताया कि श्योपुर-मूंडला-हिरनीखेड़ा मार्ग की 27 किलोमीटर सड़क पूर्ण हो चुकी है, जबकि शेष 1.8 किलोमीटर का निर्माण जून के अंत तक हर हाल में पूरा कर लिया जाए।

इसके अतिरिक्त, उन्होंने निर्देश दिए कि एकीकृत आदिवासी विकास परियोजना के तहत भवन विहीन आंगनबाड़ी केंद्रों के लिए भवन निर्माण प्रस्ताव शासन को शीघ्र भेजे जाएँ।

बैठक में पीएमजीएसवाय अधिकारियों ने जानकारी दी कि पीएम जनमन योजना के तहत 60 नई सड़कों के प्रस्ताव शासन को भेजे गए हैं, जिनकी स्वीकृति के बाद जल्द कार्य प्रारंभ होगा।

सुबकरा में 60 बीघा शासकीय भूमि से अतिक्रमण हटाया गया


श्योपुर, 06 जून 2025

जिले के कराहल विकासखंड अंतर्गत ग्राम सुबकरा में वर्षों से चल रहे अतिक्रमण पर प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए लगभग 12.69 हेक्टेयर (करीब 60 बीघा) शासकीय भूमि को मुक्त कराया है। यह कार्यवाही कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट श्री अर्पित वर्मा के निर्देशानुसार तहसीलदार बड़ौदा श्रीमती मनीषा मिश्रा के नेतृत्व में की गई।

तहसीलदार श्रीमती मिश्रा ने बताया कि ग्राम पंचायत सुबकरा के ग्रामीणों द्वारा पूर्व में कलेक्टर कार्यालय में एक ज्ञापन सौंपा गया था, जिसमें बताया गया था कि कुछ लोगों द्वारा शासकीय भूमि पर अवैध रूप से कब्जा किया जा रहा है। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई की और मौके पर पहुंचकर राजस्व अमले की उपस्थिति में अतिक्रमण को हटाया गया।

हटाई गई भूमि को फिलहाल पंचायत सचिव, सुबकरा के सुपुर्द कर दिया गया है, ताकि दोबारा अवैध कब्जा न हो सके।

रिनोवेट हुई रायपुरा की बावड़ी, पूजन कर मनाया गया बावड़ी उत्सव प्राचीन जल संरचनाओं को सहेजने की भावना के साथ संपन्न हुआ कार्यक्रम


श्योपुर, 5 जून 2025

जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत जल स्त्रोतों के संरक्षण और जीर्णोद्धार को जनभागीदारी से उत्सव का रूप देते हुए विश्व पर्यावरण दिवस एवं गंगा दशहरा के अवसर पर पूरे प्रदेश में बावड़ी उत्सव का आयोजन किया गया। इसी क्रम में ग्राम रायपुरा की रिनोवेट की गई प्राचीन बावड़ी पर विधिवत पूजन कर समारोहपूर्वक बावड़ी उत्सव मनाया गया।

यह आयोजन जन अभियान परिषद एवं जिला प्रशासन श्योपुर के तत्वावधान में, कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट अर्पित वर्मा के मार्गदर्शन में सम्पन्न हुआ।

कार्यक्रम की शुरुआत कन्यापूजन से हुई, तत्पश्चात बावड़ी के गर्भगृह स्थित कुएं का विधिवत पूजन किया गया। इस दौरान दीप जलाकर रोशनी की गई और अतिथियों का स्वागत साफा पहनाकर व माल्यार्पण के साथ किया गया।

इस अवसर पर भाजपा जिला अध्यक्ष शंशाक भूषण, पूर्व भाजपा जिला अध्यक्ष सुरेन्द्र जाट, जिला पंचायत उपाध्यक्ष नीरज जाट, भाजपा जिला उपाध्यक्ष दलवीर सिंह, नगर मंडल महामंत्री कौशल शर्मा, सरपंच रामलेखा, सरपंच प्रतिनिधि रामअवतार, डिप्टी कलेक्टर संजय जैन, जनपद सीईओ एसएस भटनागर, जन अभियान परिषद की जिला समन्वयक नेहा सिंह सहित अनेक अधिकारी व जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।

भाजपा जिला अध्यक्ष शंशाक भूषण ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा प्राचीन बावड़ियों और जल संरचनाओं का पुनर्जीवन कर उन्हें फिर से उपयोगी बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि “जल है तो जीवन है” को सार्थक करते हुए समुदाय को इन संरचनाओं के संरक्षण में भागीदारी निभानी चाहिए।

पूर्व जिला अध्यक्ष सुरेन्द्र जाट ने पर्यावरण संरक्षण पर बल देते हुए वर्षा जल संचयन और पौधरोपण को जरूरी बताया। वहीं, जिला पंचायत उपाध्यक्ष नीरज जाट ने कहा कि “बावड़ी उत्सव” जैसे आयोजनों का उद्देश्य जनता को जल संरक्षण से जोड़ना है और जल स्त्रोतों की पूजा हमारी संस्कृति का हिस्सा रही है।

कार्यक्रम का संचालन सीईओ एसएस भटनागर ने किया और आभार प्रदर्शन सरपंच प्रतिनिधि रामअवतार ने किया।

निखरा रायपुरा की बावड़ी का स्वरूप

जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत रायपुरा की ऐतिहासिक बावड़ी को साफ-सफाई व मरम्मत कर एक बार फिर उपयोगी और आकर्षक बनाया गया है। यह बावड़ी सन 1734 में गोड राजा इंदर सिंह के दीवान शिवनाथ जी कायस्थ गोड द्वारा बनवाई गई थी। शिलालेखों के अनुसार, उन्होंने इस गांव को अपने नाम पर शिवनाथपुर बसाया था, जो वर्तमान में रायपुरा के नाम से जाना जाता है।

श्योपुर जिले में कई ऐसी बावड़ियां मौजूद हैं, जिनका निर्माण 6वीं से 18वीं सदी के बीच हुआ। इनमें अधिकतर बावड़ियां नंदा शैली में बनी हैं, जिसमें आवागमन का एक ही मार्ग होता है। अब इन्हें फिर से सजाया-संवारा जा रहा है ताकि भावी पीढ़ी को जल संरक्षण की विरासत दी जा सके।