श्योपुर के मूंझरी बांध को पर्यावरण स्वीकृति, 414.79 करोड़ की परियोजना से 11,575 हेक्टेयर भूमि होगी सिंचित
414.79 करोड़ की वृहद सिंचाई परियोजना से एक लाख लोगों को मिलेगा पेयजल, स्टेज-2 मंजूरी के बाद शुरू होगा निर्माण कार्य
श्योपुर, 03 अगस्त 2026 CrimeNationalNews
श्योपुर। जिले के किसानों और ग्रामीणों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। लंबे समय से प्रस्तावित मूंझरी वृहद सिंचाई परियोजना को बड़ा प्रशासनिक संबल मिल गया है। पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, भारत सरकार ने 22 जुलाई 2026 को मूंझरी बांध निर्माण के लिए पर्यावरण स्वीकृति जारी कर दी है। इस मंजूरी के बाद अब परियोजना के निर्माण का रास्ता और अधिक साफ हो गया है। SheopurNews
स्टेज-2 स्वीकृति के बाद शुरू होगा निर्माण कार्य
जल संसाधन विभाग के कार्यपालन यंत्री चैतन्य चौहान ने बताया कि परियोजना के अंतर्गत आने वाली 740.159 हेक्टेयर वन भूमि के लिए स्टेज-1 की सैद्धांतिक स्वीकृति 15 अप्रैल 2026 को पहले ही प्राप्त हो चुकी है।
उन्होंने बताया कि वर्तमान में स्टेज-2 वन स्वीकृति की प्रक्रिया अंतिम चरण में है। जैसे ही यह प्रक्रिया पूरी होगी, अनुबंधित निर्माण एजेंसी द्वारा मूंझरी बांध का निर्माण कार्य तत्काल शुरू कर दिया जाएगा।
414.79 करोड़ की लागत से बनेगा बांध
मूंझरी के समीप अहेली नदी पर बनने वाली इस वृहद सिंचाई परियोजना की कुल लागत 414.79 करोड़ रुपये निर्धारित की गई है। परियोजना को क्षेत्र की कृषि और जल उपलब्धता को मजबूत करने वाली महत्वपूर्ण योजना माना जा रहा है। जलसंसाधनविभाग
बड़ौदा और कराहल के किसानों को मिलेगा बड़ा लाभ
परियोजना पूरी होने के बाद बड़ौदा एवं कराहल तहसील के किसानों को सबसे अधिक फायदा मिलेगा।
बांध से 11,575 हेक्टेयर कृषि भूमि में सूक्ष्म सिंचाई पद्धति (माइक्रो इरिगेशन) के माध्यम से सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इससे खेती की उत्पादकता बढ़ने के साथ-साथ जल संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा।
एक लाख लोगों के लिए सुरक्षित होगा पेयजल
यह परियोजना केवल सिंचाई तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि क्षेत्र की पेयजल समस्या के समाधान में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
परियोजना के तहत 4.56 मिलियन घन मीटर पानी पेयजल के लिए आरक्षित रखा जाएगा, जिससे करीब एक लाख लोगों को नियमित और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराया जा सकेगा।
कृषि और विकास को मिलेगी नई गति
मूंझरी वृहद सिंचाई परियोजना के शुरू होने से श्योपुर जिले के बड़ौदा और कराहल क्षेत्र में सिंचाई क्षमता बढ़ेगी, किसानों की उत्पादन लागत कम होगी और फसल उत्पादन में वृद्धि की संभावना मजबूत होगी। साथ ही पेयजल उपलब्धता बढ़ने से ग्रामीण क्षेत्रों के विकास को भी नई रफ्तार मिलने की उम्मीद है।
श्योपुर के मूंझरी बांध निर्माण को पर्यावरण मंत्रालय से मंजूरी मिल गई है। 414.79 करोड़ रुपये की इस परियोजना से बड़ौदा और कराहल क्षेत्र की 11,575 हेक्टेयर भूमि सिंचित होगी तथा एक लाख लोगों को पेयजल सुविधा मिलेगी।
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