Friday, August 21, 2026
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मौसमी मार से निपटने जलवायु अनुकूल खेती वानिकी जरूरी-अनिल गुप्ता

 

कराहल > दिनांक13-3-2024

जलवायु परिवर्तन के कारण हो रहे अचानक मौसमी मार से सबसे अधिक पीड़ित छोटे और सीमांत किसान वर्ग है। इससे निपटने के लिए जलवायु अनुकूल खेती वानिकी जरूरी है। उक्त उद्गार महात्मा गांधी सेवा आश्रम के अनिल भाई ने दुबडी में पांच गांव से आये किसानों के क्षमता विकास प्रशिक्षण में कही।प्रशिक्षण में अनिल भाई ने किसानों को स्थानीय उदाहरणों के माध्यम से जलवायु परिवर्तन की मूल बातें, इसके कारण, प्रभाव, और खेती तथा वानिकी पर इसके असर को समझाया और जलवायु चुनौतियों का सामना करने में स्थानीय प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और संवर्धन पर जोर दिया।

क्षेत्रीय कृषि विस्तार अधिकारी बरंगवा क्षेत्र की के.एस.मिंच ने कहा कि विगत 25 सालों में भूजल स्तर में निरंतर गिरावट हो रही है और जलवायु संकट के कारण फसलें प्रभावित हो रही हैं। पानी की उपलब्धता और आवश्यक्ता के अनुसार फसल का निर्धारण किसानों को करना चाहिए। महात्मा गांधी सेवा आश्रम के कृषि विशेषज्ञ पुनित मिश्रा ने फसल विविधीकरण और परिवर्तनशीलता के मद्देनजर विविध फसल प्रणालियों के माध्यम से जोखिम को कम करने की रणनीतियों को बताया। जीवन परियोजना की कार्यकर्ता किरन सिंह ने कहा कि मिट्टी और जल प्रबंधन जरूरी है।

इसके लिए मिट्टी की उर्वरता बढ़ाने, जल संरक्षण, और सिंचाई प्रबंधन तकनीकों पर जोर देना होगा। अमित शर्मा ने स्थानीय संसाधनों पर आधारित जीवामृत, ब्रहमाश्त्र बनाने के बारे में जानकारी प्रदान की तथा किसानों को जैविक खाद और जैविक कीटनाशक बनाने की सीख प्रदान की। प्रशिक्षण के अंत में दुबड़ी गांव में जून के महीने में सभी परिवारों के द्वारा कोदो की फसल उगाने, स्थानीय स्तर पर जंगल को बढाने के लिए अधिक से अधिक सीडबाल बनाने का निर्णय लिया गया। ज्ञात हो कि महात्मा गांधी सेवा आश्रम द्वारा जीवन परियोजना के अंतर्गत इस प्रशिक्षण का आयोजन किसान पाठशाला दुबड़ी में किया गया। प्रशिक्षण के आयोजन में कमलेश बामनिया, दिनेश भाई, सांकरा पटेल इत्यादि ने महत्वपूर्ण भूमिका निभायी। इस प्रशिक्षण में नेहरदा, नयागांव, डूंडीखेड़ा, गढला और दुबड़ी गांव के आदिवासी किसान महिला-पुरूषों ने भाग लिया

पीएम मोदी द्वारा पीएम-सूरज पोर्टल लॉन्च निषादराज भवन में हुआ जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन

श्योपुर, 13-3- 2024
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी द्वारा प्रधानमंत्री सामाजिक उत्थान एवं रोजगार आधारित जनकल्याण कार्यक्रम पीएम-सूरज पोर्टल का शुभारम्भ किया गया। प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव धार जिले से इस कार्यक्रम में शामिल हुए।
प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी जी ने पीएम सूरज पोर्टल को लॉन्च करते हुए देशभर के विभिन्न राज्यों के ऋण सहायता प्राप्त लाभार्थियों से संवाद किया। इस कार्यक्रम में विभिन्न राज्यों/ संघराज्यों के 526 जिलों से लाभार्थी वर्चुअली रूप से जुडे, साथ ही सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय भारत शासन की ऋण सहायता योजना के लाभार्थी भी इस कार्यक्रम में शामिल हुए।
प्रधानमंत्री  मोदी जी ने तीन राष्ट्रीय निगमों के नए ऋण धारकों, नमस्ते योजना एवं लक्ष्य समूहों-अनुसूचित जाति के अन्य लाभार्थियों, देशभर के विभिन्न राज्यों पिछड़े वर्ग एवं आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग कल्याण योजना के माध्यम से ऋण सहायता प्राप्त लाभार्थियों से संवाद किया।
इस अवसर पर निषादराज भवन जिला पंचायत परिसर में आयोजित जिला स्तरीय कार्यक्रम के दौरान पीएम सूरज पोर्टल लॉचिंग कार्यक्रम का सीधा प्रसारण एलईडी के माध्यम से देखा एवं सुना गया।

जिला स्तरीय कार्यक्रम के दौरान अपर कलेक्टर डॉ अनुज कुमार रोहतगी, सीईओ जिला पंचायत  अतेन्द्र सिंह गुर्जर, नगरपालिका अध्यक्ष श्रीमती रेणु सुजीत गर्ग, भाजपा महिला मोर्चा जिला अध्यक्ष श्रीमती सरोज तोमर, पूर्व नगरपालिका उपाध्यक्ष श्रीमती मिथलेश तोमर, सीएमओ  सतीश मटसेनिया, सहायक आयुक्त आदिम जाति कल्याण  एमपी पिपरैया, सहायक संचालक सामाजिक न्याय सुश्री शशि किरण इक्का, डीपीएम एनआरएलएम  सोहनकृष्ण मुदगल सहित अन्य अधिकारी एवं हितग्राही उपस्थित थे।

सी-विजिल एप से मिलने वाली शिकायतों का 100 मिनट में किया जाएगा निराकरण

श्योपुर, 13 -3-2024
लोकसभा निर्वाचन 2024 में निर्वाचन संबंधी शिकायतों का सी-विजिल मोबाइल एप के माध्यम से त्वरित एवं प्रभावी निराकरण किया जायेगा। इस ऐप के माध्यम से कोई भी नागरिक निर्वाचन में आदर्श आचरण संहिता के उल्लंघन संबंधी किसी भी घटना का फोटो-वीडियो तैयार कर अपनी शिकायत भेज सकता है। प्राप्त शिकायत की त्वरित जांच कर तत्काल कार्रवाई की जाएगी। आदर्श चुनाव आचरण संहिता के लागू होते ही यह ऐप सक्रिय हो जाएगा। शिकायत मिलते ही 100 मिनट के अंदर उस शिकायत का निराकरण किया जाएगा।
अपर कलेक्टर एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ अनुज कुमार रोहतगी ने बताया कि सी-विजिल एप पर आदर्श आचार संहिता के उल्लघंन के संबंध में शिकायत दर्ज कराई जा सकती है। इसके अंतर्गत आग्नेयस्त्र-हथियारो का प्रदर्शन, शराब और धन का वितरण, संपत्ति विरूपण, फेकन्यूज, पेडन्यूज, मतदाताओं का परिवहन, धमकी, सांप्रदायिक नफरत फैलाने वाले भाषण आदि के संबंध में शिकायत की जा सकती है।

राष्ट्रीय कैडेट कोर (NCC) के विस्तार के प्रस्ताव को मंजूरी

 

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने राष्ट्रीय कैडेट कोर (NCC) के विस्तार के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद अब एनसीसी में 3,00,000 कैडेटों को शामिल किया जाएगा। रक्षा मंत्रालय ने कहा कि उम्मीद है कि इस विस्तार से देश भर के शैक्षणिक संस्थानों में एनसीसी की बढ़ती मांग को पूरा किया जा सकेगा।मंत्रालय ने एक बयान में कहा, “रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने तीन लाख कैडेट रिक्तियों के साथ राष्ट्रीय कैडेट कोर के विस्तार के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। 1948 में केवल 20,000 कैडेटों से, एनसीसी के पास अब 20 लाख कैडेटों की स्वीकृत संख्या होगी, जिससे यह दुनिया का सबसे बड़ा वर्दीधारी युवा संगठन बन जाएगा।”विस्तार योजना के तहत चार नए “ग्रुप हेडक्वाटर” की स्थापना की जाएगी और दो नई एनसीसी इकाइयों को शामिल किया जाएगा।

मंत्रालय ने कहा, “राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुसार एनसीसी को एक वैकल्पिक विषय के रूप में पेश किया जाना, आने वाले समय में देश के भावी लीडर्स के रूप में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने की दिशा में युवाओं की आकांक्षाओं को पूरा करने की दिशा में एक कदम होगा।”इसमें कहा गया है, “इस विस्तार से सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में रिक्तियों का आनुपातिक वितरण होगा और एनसीसी के इच्छुक संस्थानों की वेटिंग लिस्ट में कमी आएगी।”विस्तार योजना का एक महत्वपूर्ण पहलू यह भी है कि इसमें पूर्व सैनिकों को उनके कौशल और अनुभव का लाभ उठाने का मौका मिलेगा।

योजना के तहत इन सैनिकों को एनसीसी प्रशिक्षकों के रूप में रोजगार देने का प्रस्ताव भी शामिल है।मंत्रालय ने कहा, “यह नेक पहल एनसीसी कैडेटों के लिए गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण सुनिश्चित करेगी और रोजगार के अवसर पैदा करेगी। एनसीसी का लक्ष्य परिवर्तनकारी प्रभाव डालना और ऐसे माहौल को बढ़ावा देना है जहां युवा राष्ट्र निर्माण में सार्थक योगदान दें

सीईओ जिला पंचायत की अध्यक्षता में जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित जनसुनवाई में कुल 149 आवेदन हुए प्राप्त

सर्पदंश से मृत्यु के मामले में शीघ्र मिलेगी सहायता राशि
दिव्यांग सर्टिफिकेट बनाने के निर्देश

श्योपुर, 12 मार्च 2024
कलेक्टर  लोकेश कुमार जांगिड के निर्देशानुसार कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित जनसुनवाई कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए सीईओ जिला पंचायत  अतेन्द्र सिंह गुर्जर ने सर्पदंश से मृत्यु के मामले में आवेदन की जांच उपरांत आवेदक को अवगत कराया कि 4 लाख रूपये की सहायता राशि स्वीकृत की गई है, जो बैंक खाते के माध्यम से शीघ्र प्राप्त होगी। इस मामले में श्रीमती कमली बैरवा निवासी पाण्डोला ने आवेदन प्रस्तुत किया था कि उसके पति स्व. रमेश बैरवा की नवंबर माह में सर्पदंश से मृत्यु हो गई थी।
दिव्यांग सर्टिफिकेट बनाने के निर्देश
सीईओ जिला पंचायत अतेन्द्र सिंह गुर्जर ने जनसुनवाई के दौरान श्री चतरूलाल बैरवा एवं मांगीलाल बैरवा निवासी बांदीखेडा के दिव्यांग सर्टिफिकेट मेडिकल बोर्ड के माध्यम से बनाये जाने के निर्देश डॉ एसएन बिंदल को दिये। इसके साथ ही सामाजिक न्याय विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये कि दिव्यांग सर्टिफिकेट प्राप्त कर दिव्यांग पेंशन का लाभ प्रदान किया जायें।
आवास मामले में एसडीएम को कार्यवाही के निर्देश
सीईओ जिला पंचायत  अतेन्द्र सिंह गुर्जर ने श्रीमती गुड्डी बाई आर्य निवासी गांधी नगर श्योपुर के आवेदन पर एसडीएम श्री मनोज गढवाल को मामले की जांच कर कार्यवाही के निर्देश दिये है। विधवा महिला श्रीमती गुड्डी बाई आर्य ने बताया कि नगरपालिका द्वारा उसका आवास स्वीकृत किया गया है, लेकिन ससुराल पक्ष के परिजन उसे अपने हिस्से की जमीन पर आवास निर्माण नही करने दे रहे है। इस पर एसडीएम  गढवाल को निर्देश दिये कि मामले की जांच कर कार्यवाही की जायें।
ऋण राशि की किस्त नही देने पर रोकी दिव्यांग पेंशन हितग्राही को देने के निर्देश
वार्ड 16 मंडी के पीछे रहने वाले दिव्यांग  कैलाश बैरवा द्वारा आवेदन प्रस्तुत किया गया कि उसके द्वारा ई-रिक्शा के लिए यूको बैंक श्योपुर से लोन लिया गया था, जिसकी 40-45 हजार रूपये की किस्त भी जमा की जा चुकी है। बाढ के कारण आर्थिक स्थिति खराब होने से वह बाद में किस्त जमा नही कर पाया, इसके चलते उसे मिलने वाली दिव्यांग पेंशन के खाते पर होल्ड लगा दिया गया है, इस पर सीईओ जिला पंचायत  अतेन्द्र सिंह गुर्जर ने एलडीएम को निर्देश दिये कि दिव्यांग पेंशन की राशि तुरंत दिलाई जायें। इस निर्देश के बाद एलडीएम  आरपी शर्मा द्वारा बैंक मैनेजर से मोबाइल पर बात करने के बाद आवेदक को अवगत कराया गया कि दिव्यांग पेंशन की राशि प्रदाय कर दी जायेगी। इसके साथ ही दिव्यांग श्री कैलाश बैरवा को सामाजिक न्याय विभाग के माध्यम से वैसाखी भी प्रदान की गई।
स्पान्सरशिप योजना में लाभ देने के निर्देश
सीईओ जिला पंचायत  अतेन्द्र सिंह गुर्जर द्वारा बगैर मा-बाप के बच्चों को स्पान्सरशिप योजना में लाभ दिये जाने के निर्देश सहायक संचालक महिला सशक्तिकरण अधिकारी  रिशु सुमन को दिये गये। बच्चों की दादी श्रीमती पालो आदिवासी निवासी ग्राम सरारी खुर्द द्वारा आवेदन प्रस्तुत किया गया कि उसके बेटे एवं बहु की मृत्यु हो चुकी है, जिनके दो बच्चे साजन और पूजा उनके पास रहते है।

कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित जनसुनवाई कार्यक्रम के दौरान एसडीएम  मनोज गढवाल, डिप्टी कलेक्टर संजय जैन,  वायएस तोमर, तहसीलदार श्रीमती प्रेमलता पाल सहित विभिन्न विभागो के अधिकारी उपस्थित थे

16 वाहन चालकों पर चालानी कार्यवाही कर 20100 रू का समन शुल्क किया शासन कोष में जमा।

 कुल 16 वाहन चालकों पर चालानी कार्यवाही कर 20100 रू का समन शुल्क किया शासन कोष में जमा।
बिना हेलमेट:2, विना नंबर डंफर वाहन:09, बिना सीट बेल्ट:04, ओवरलोड:01आदि धाराओं में कार्यवाही की गई।

पुलिस अधीक्षक  के निर्देश पर श्योपुर यातायात पुलिस का यातायात नियमों की अवहेलना करने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध निरंतर चैंकिग अभियान जारी।

माननीय उच्च न्यायालय म.प्र.एवं पुलिस मुख्यालय भोपाल द्वारा यातायात व्यवस्था को सुगम व सुरक्षित बनाने एवं जिलों में सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम हेतु सख्ती से वाहन चैकिंग अभियान चलाये जाने हेतु निर्देशित किया गया है। उक्त निर्देशों के परिपालन में डॉ.श्री राय सिंह नरवरिया पुलिस अधीक्षक महोदय जिला श्योपुर के निर्देशन में अभियान के अंतर्गत प्रथक–प्रथक चिन्हित स्थानों पर वाहन चैकिंग के दौरान बिना नंबर प्लेट,मोडिफाईड वाहन, पर्याप्त दस्तावेज न होने,बिना हेलमेट, बिना सीटबेल्ट,ट्रिपल राइडिंग के कुल 16 चालान बनाया जाकर 20100 रू का समन शुल्क जुर्माना जमा किया गया।
यातायात पुलिस की शहर के नागरिकों से अपील है कि आप यातायात के समस्त नियमों का पालन करें। दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट तथा चार पहिया वाहन चलाते समय सीट बेल्ट आवश्यक रूप से धारण करें। ड्राइविंग लाइसेंस, रजिस्ट्रेशन, बीमा, फिटनेस, परमिट आदि जरूरी दस्तावेज आवश्यक रूप से साथ में रखें। निर्धारित गति सीमा से तेज गति से तथा खतरनाक ढंग से वाहन न चलाएं। वाहनों में क्षमता से अधिक सवारी न बिठाये तथा शराब पीकर वाहन न चलाएं। स्वयं भी सुरक्षित रहें एवम् दूसरों को भी सुरक्षित यात्रा अवसर दें

किसानों का गेहूं को 27 सौ रुपए में खरीदने, किसानों की कर्जामुक्ति, एम.एस.पी. गारंटी कानून लागू करने की मांग लेकर किसानों ने किया चक्काजाम।

दिनांक – 11/03/24

मनरेगा मजदूर को दौ सौ दिन रोजगार व 6 सौ रुपए मजदूरी देने व किसान आंदोलन से जुड़े हुए विभिन्न मुद्दों के समाधान करने की भी की मांग।
किसानों की मांगे माने सरकार अन्यथा आंदोलन को व्यापक और उग्र किया जाएगा- राधेश्याम मीणा मूंडला।

बड़ौदा- गेहूं की फसल को 27 सौ रुपए प्रति क्विंटल पर खरीदी करने, न्यूनतम समर्थन मूल्य गारंटी कानून बनाने, किसानों की कर्जा मुक्ति, सरसों की फसल की तत्काल घोषित न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदी करने सहित किसानों से संबंधित विभिन्न मांगों को लेकर भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) के प्रदेश अध्यक्ष राधेश्याम मीणा मूंडला के नेतृत्व में किसानों ने सोमवार को तहसील मुख्यालय, बड़ौदा पर श्योपुर – बारां हाइवे पर चक्का जाम करके प्रदर्शन किया । प्रदर्शन के दौरान किसानों ने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार व प्रदेश की मोहन यादव सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करके किसानों के मांगे माने जाने की मांग की । तहसील कार्यालय पर एकत्रित हुए किसानों ने तहसील कार्यालय से बागर तक रैली निकालकर प्रदर्शन किया ।

इस दौरान प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री के नाम बड़ौदा तहसीलदार आर.आई. दिव्यराज धाकड़ को ज्ञापन दिया । किसान नेता राधेश्याम मीणा मूंडला ने जानकारी देते हुए बताया कि मध्यप्रदेश में चुनाव के दौरान भाजपा सरकार के द्वारा वचन पत्र में किसानों से गेहूं 27 सौ रुपए प्रति क्विंटल पर खरीदने का वायदा किया गया है किंतु वर्तमान में 2275 रूपए प्रति क्विंटल पर गेंहू खरीदने की प्रक्रिया की जा रही है इसे किसान स्वयं को ठगा महसूस कर रहा है ‌। अतः प्रदेश के किसानों के हित को दृष्टिगत रखते हुए गेहूं की फसल खरीदी में न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर 425 रुपए का बोनस देकर किसानों से किए गए वादे को पूरा करें व गेहूं की खरीदी 27 सौ रुपए प्रति क्विंटल की दर से की जाए । सरसों की फसल को न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर खरीदने की व्यवस्था तत्काल सुनिश्चित की जाए। C2+50% की गणना के आधार पर सभी कृषि,वन,डेयरी व अन्य उत्पादों की MSP घोषित करो एवं उनकी ख़रीद हेतु संसद में क़ानून बनाओ। किसानों व ग्रामीण मज़दूरों के ऋण माफ़ करो एवं सस्ती ब्याज दरों पर ऋण सीमा को दुगना करो। प्रस्तावित किसान व आमजन विरोधी बिजली बिल वापस लो। फ़सल बीमा योजना को सर्वसमावेशी एवं किसान हितेषी बनाओ। पेट्रोल-डीजल के दाम कम करो। कृषि में काम आने वाली सभी वस्तुओं पर जीएसटी ख़त्म करो।

मनरेगा में दो सौ दिन काम व 600 रू मज़दूरी तय करो। आधार बेस्ड भुगतान प्रणाली ख़त्म करो। ऑनलाइन के साथ-साथ ऑफलाइन हाजरी व्यवस्था चालू करो। ग्रामीण क्षैत्र में सार्वजनिक शिक्षा, स्वास्थ्य, पशु चिकित्सा, भंडारण,यातायात, खाद्य वितरण आदि सुविधाओं में सुधार एवं विस्तार करो।विगत किसान आंदोलन के दौरान शहीद हुये किसानों के परिवारों को समुचित सहायता दो। किसानों पर लादे गये सभी झूंठे मुक़दमें वापस लो तथा आंदोलनकारी किसानों का दमन करना बंद करे । इस दौरान बड़ौदा एसडीओपी प्रवीण अष्ठाना, थाना प्रभारी सत्यम सिंह गुर्जर सहित पुलिस प्रशासन मौजूद रहा । इस मौके पर बड़ी संख्या में क्षेत्र के किसान भी उपस्थित रहे

शासन के सभी अंग सुशासन का प्रतीक बनें – मुख्यमंत्री डॉ. यादव

 

राज्य शासन के लिए जनकल्याण और प्रदेश का विकास सर्वोपरि

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने केन-बेतवा एवं पार्वती-कालीसिंध-चंबल जल कलश यात्रा का किया शुभारंभ

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने 24 पुलिस कर्मियों को स्टार लगाकर किया आउट ऑफ टर्न पदोन्नत

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने एक हजार नवनियुक्त अभ्यर्थियों को प्रदान किए नियुक्ति पत्र

कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में हुए कार्यक्रम*
भिंड 11 -3- 2024
मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा है कि शासन के सभी अंग सुशासन का प्रतीक बनें। चल संपत्ति के क्रय-विक्रय में रजिस्ट्री के साथ ही नामांतरण की व्यवस्था और मकानों के नक्शे पास करने की प्रक्रिया के सरलीकरण जैसे कदम जनता की सुविधा के लिए उठाए गए हैं। देश की रक्षा में लगे सैनिकों और कानून व्यवस्था बनाए रखने को समर्पित पुलिस जवानों के जीवन की चिंता करना राज्य सरकार का कर्तव्य है। राज्य सरकार हर कदम पर उनके साथ है। शासकीय सेवा में नवनियुक्त अभ्यर्थियों से बहुत अपेक्षाएं हैं। प्रदेश में बढ़ रही सिंचाई सुविधाएं और पेयजल आपूर्ति से बुंदेलखंड और चंबल क्षेत्र के लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव आएगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि एक हजार नवनियुक्त अभ्यर्थियों के नियुक्ति पत्र वितरण, केन-बेतवा और पार्वती काली सिंध चंबल परियोजना, जल कलश यात्रा के शुभारंभ तथा पुलिस कर्मियों को आउट आफ टर्न प्रमोशन के लिए आयोजित यह कार्यक्रम त्रिवेणी के समान है, और तीनों का लक्ष्य जन कल्याण तथा प्रदेश का विकास है। कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री श्री जगदीश देवड़ा, उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ला,जल संसाधन मंत्री श्री तुलसी सिलावट, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, श्रम मंत्री श्री प्रहलाद पटेल, राजस्व मंत्री श्री करण सिंह वर्मा, सांसद श्री वी.डी. शर्मा, अपर मुख्य सचिव जल संसाधन डॉ. राजेश राजौरा उपस्थित थे।

*17 जिलों के 3600 ग्रामों में जाएंगे प्रचार-रथ*
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीप प्रज्जवलित कर तथा मां नर्मदा के जल को कलश में प्रवाहित कर केन-बेतवा एवं पार्वती-कालीसिंध-चंबल जल कलश यात्रा का शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जल कलश यात्रा के पांच रथों को झंडी दिखाकर कुशाभाऊ ठाकरे सभागार परिसर से रवाना किया। यात्रा के अंतर्गत एक सौ एलईडी प्रचार रथ, केन बेतवा पार्वती काली सिंध चंबल परियोजना के लाभान्वित 17 जिलों के लगभग 3600 ग्रामों में प्रचार-प्रसार के लिए भेजे जा रहे हैं। कार्यक्रम में परियोजना के लाभ एवं जल के महत्व पर केंद्रित फिल्मों का प्रदर्शन किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वीरता और शौर्य का परिचय देने वाले 24 पुलिस कर्मियों को आउट ऑफ टर्न प्रमोशन प्रदान करते हुए उन्हें पदोन्नत पद के स्टार लगाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने एक हजार नव नियुक्त अभ्यर्थियों को सिंगल क्लिक के माध्यम से वर्चुअली नियुक्ति पत्र वितरित किए तथा प्रतीक स्वरूप 9 अभ्यर्थियों को मंच से नियुक्ति पत्र प्रदान किए।
*केन-बेतवा एवं पार्वती-कालीसिंध-चंबल परियोजना से बुंदेलखंड और चंबल का जीवन बदलेगा*
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में बदलते दौर के भारत की नई तस्वीर हमारे सामने है। कोविड काल में प्रधानमंत्री श्री मोदी ने देशवासियों की रक्षा के साथ-साथ 100 से अधिक देशों को कोविड वैक्सीन उपलब्ध कराकर अपनी दूरदर्शिता और कार्यक्षमता का परिचय सम्पूर्ण विश्व को कराया। देश में उनके नेतृत्व में हो रहे नवाचार और नई तकनीक के उपयोग से जनसामान्य का जीवन आसान हुआ है। प्रदेश का बुंदेलखंड और चंबल क्षेत्र जल की कमी के कारण पिछड़ा था। वीरता, पराक्रम और शौर्य के दम पर बुंदेलखंड ने भारतीयता का मस्तक कभी झुकने नहीं दिया, विपरीत परिस्थितियों में भी बुंदेलखंडवासी संघर्ष में रहे और शत्रुओं को धूल चटाई। केन-बेतवा लिंक परियोजना से बुंदेलखंड क्षेत्र में सिंचाई सुविधा बढ़ेगी और क्षेत्र के लोगों का जीवन सरल एवं आनंदमयी बनेगा। हमारे लिए नदियां जीवनदायिनी हैं। माँ नर्मदा ने प्रदेश के एक भाग को खुशहाल बनाया है। अब केन-बेतवा एवं पार्वती-कालीसिंध-चंबल परियोजना बुंदेलखंड और चंबल का जीवन बदलेगी।
*साहसी और कर्तव्यनिष्ठ पुलिसकर्मियों को क्रम पूर्व पदोन्नत कर हम गौरवान्वित हैं*
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि कठिन भौगोलिक परिस्थितियों और संचार साधनों से वंचित क्षेत्र में रहकर नक्सलियों का सामना करने और उन पर नियंत्रण पाने वाले पुलिस जवानों पर हमें गर्व है। पुलिस का कार्य केवल नौकरी नहीं, देशभक्ति और जनसेवा का संकल्प भी है। नक्सलियों को धूल चटाने वाले वीरों के साहस और कर्तव्यनिष्ठा को प्रणाम करते हुए उन्हें आउट ऑफ टर्न प्रमोशन देकर हम गौरवान्वित हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने शासकीय सेवा में नवनियुक्त अभ्यर्थियों को बधाई और शुभकामनाएं देते हुए कहा कि मुझे आशा है कि अभ्यर्थी अपने दायित्वों का जिम्मेदारी से निर्वहन करेंगे और देश के उत्थान तथा जनसेवा के लिए समर्पित रहेंगे।
*मध्य प्रदेश के विकास और प्रगति का संकल्प है जल कलश यात्रा : जल संसाधन मंत्री श्री सिलावट*
जल संसाधन मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट ने कहा है कि केन-बेतवा लिंक परियोजना तथा पार्वती-कालीसिंध-चंबल लिंक परियोजना जल कलश यात्रा प्रदेश के विकास और प्रगति का संकल्प है। पूर्व प्रधानमंत्री श्री अटल बिहारी वाजपेई द्वारा लिया गया नदियों को जोड़ने का संकल्प मध्य प्रदेश में पूरा हो रहा है। मध्यप्रदेश में सिंचाई के क्षेत्र में अभूतपूर्व वृद्धि हुई है। वर्ष 2003-04 में यहां सिंचाई का रकबा मात्र 7 लाख हेक्टेयर था, जो आज बढ़कर लगभग 47 लाख हेक्टेयर हो गया है। वर्ष 2025 तक इसे बढ़ा कर 65 लाख हेक्टेयर तथा वर्ष 2047 तक एक करोड़ 55 लाख हेक्टेयर करना हमारा लक्ष्य है।
मंत्री श्री सिलावट ने कहा कि केन-बेतवा राष्ट्रीय परियोजना बुंदेलखंड की तस्वीर और तकदीर बदल देगी। इस परियोजना से 8 लाख 11 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई होगी तथा बुंदेलखंड के 41 लाख लोगों को पेयजल मिलेगा। परियोजना से बुंदेलखंड में 103 मेगावाट बिजली पैदा होगी। इससे प्रदेश के 10 जिलों के लगभग 2 हजार गांव के 7 लाख 13 हजार किसान परिवारों को लाभ मिलेगा। चंबल-कालीसिंध-पार्वती सिंचाई परियोजना विकास और प्रगति के नए द्वार खोलेगी। बहत्तर हजार करोड़ रुपए लागत की इस परियोजना से मध्य प्रदेश एवं राजस्थान के 06 लाख 17 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई होगी, जिसमें मध्य प्रदेश के 03 लाख 37 हजार हेक्टेयर में सिंचाई सुविधा उपलब्ध होगी।
*बुंदेलखंड अब हरा-भरा और समृद्धशाली क्षेत्र होगा*
सांसद श्री वी.डी. शर्मा ने कहा कि केन-बेतवा लिंक परियोजना मध्यप्रदेश के विकास में मील का पत्थर साबित होगी। सूखा और गरीब कहलाने वाला बुंदेलखंड अब हरा-भरा और समृद्धशाली क्षेत्र होगा। श्री शर्मा ने परियोजना के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी का आभार मानते हुए कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में परियोजनाओं का क्रियान्वयन समय-सीमा में सुनिश्चित किया जाएगा।
पुलिस महानिदेशक श्री सुधीर कुमार सक्सेना ने कहा कि पुलिस जवानों के त्याग और शौर्य का मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्वारा सम्मान पुलिस जवानों के प्रति उनके स्नेह को प्रदर्शित करता है। पुलिस सेवा की प्रकृति ऐसी है, जिसमें न तो ड्यूटी का निर्धारित स्थान होता है, न समय का। पुलिस परिवारों को बेहतर सुविधा प्रदान करने की मुख्यमंत्री डॉ. यादव की भावना अभिनंदनीय है।
*उप निरीक्षक, सहायक उप निरीक्षक, प्रधान आरक्षक और आरक्षक हुए पदोन्नत*
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बालाघाट के कमकोदादर में 14 दिसम्बर 2023 को नक्सलियों से हुई मुठभेड़ में साहस और कर्तव्यनिष्ठा का प्रदर्शन करने वाले 24 पुलिस कर्मियों को क्रम पूर्व पदोन्नति प्रदान की तथा उन्हें उच्चतर पद के स्टार लगाए। इनमें उपनिरीक्षक श्री उपेन्द्र दुबे, श्री नामदेव शर्मा, सहायक उप निरीक्षक हॉकफोर्स सर्वश्री अतुल कुमार शुक्ला, अरूण मिश्रा, मनोज कापसे, लोकेन्द्र सिंह जादौन, दिलीप उईके, प्रधान आरक्षक हॉकफोर्स सर्वश्री अजीज अली, रविंद्र कुमार, संदीप सिंह, रामकुमार नवरेती, फूलचंद कुशवाह, ब्रज मोहन गुर्जर, आरक्षक हॉकफोर्स श्री राजेश कुमार, कमल वैष्णव, रायसिंह वर्मा, अनुराग सिंह यादव, पवन कुमार, आशिफ खान, अरविंद कुमार सोनी, अरविंद कुमार यादव, सतीश मात्रे, महिपाल चंदेला और लोकेन्द्र सिंह सिकरवार शामिल हैं।
*नक्सल विरोधी अभियान में जारी है प्रभावी कार्य*
उल्लेखनीय है कि पिछले कुछ वर्षों में बालाघाट में नक्सल विरोधी अभियान में प्रभावी कार्य हुआ है, जिसमें 17 नक्सली मारे गए हैं। वर्ष 2022 में 6 नक्सली मारे गए जो कि एक वर्ष में सर्वाधिक नक्सली मारे जाने का रिकार्ड हैं। इसके अतिरिक्त पिछले पांच वर्षों में 5 नक्सलियों को गिरफ्तार किया गया एवं पिछले दो वर्षों में 6 एक्सचेंज ऑफ फायर हुए है, जिससे नक्सली भाग खड़े हुए। पिछले दो वर्षों में 10 नक्सल डंप बरामद किये गये जिसमें भारी मात्रा में गोला-बारूद एवं विस्फोटक पुलिस के हाथ लगा। वर्ष 2022-24 में 07 नए पुलिस कैंप स्थापित किये गये हैं।
*मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रतीक स्वरूप 9 अभ्यर्थियों को प्रदान किए नियुक्ति पत्र*
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने नवनियुक्त अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। इसके अंतर्गत लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग के अंतर्गत श्री मनीष पवार को रेडियोग्राफर, सुश्री मनीषा गुप्ता को प्रयोगशाला तकनीशियन, श्री आनंद केशरवानी को फार्मासिस्ट, राजस्व विभाग के अंतर्गत सुश्री शिल्पा सरयाम, सुश्री साक्षी वर्मा, श्री रानू शर्मा, श्री सौभर चौधरी को पटवारी, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अंतर्गत सुश्री एकता वर्मा को सहायक यंत्री पद के नियुक्ति पत्र सौंपे गए।

कूनो नैशनल पार्क में फिर गूंजी किलकारी गामनी ने जन्मे 5 शावक

श्योपुर के कुनो नेशनल पार्क से आई खुश खबरी। कुनो नेशनल पार्क में फिर गूंजी नन्हे चीता शावको की किलकारी। आशा ज्वाला के बाद मादा चीता गामीनी ने पांच शावको को दिया जन्म । बड़े बाड़े में गामनी ने पांच शावको को जन्म दिया है ।

 

कुनो में तीन मादा चीता के नन्हे शावको की संख्या पहुंची 13 चीता। साउथ अफ्रीका से 18 फरवरी 2023 को कुनो लाई गई थी मादा चीता गामिनी। कुनो में चीतो का कुनवा बढ़ कर हुआ 26 

मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्वारा केन-बेतवा एवं पार्वती-कालीसिंध-चंबल जल कलश यात्रा का शुभारंभ श्योपुर जिले में 2371.80 करोड की लागत से बनेगा श्यामपुर बैराज

श्योपुर जिले में 2371.80 करोड की लागत से बनेगा श्यामपुर बैराज
एनआईसी श्योपुर में उपस्थित रहें अधिकारी और जनप्रतिनिधि
श्योपुर, 11 -3- 2024
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में आयोजित कार्यक्रम के माध्यम से केन-बेतवा और पार्वती काली सिंध चंबल परियोजना, जल कलश यात्रा के शुभारंभ किया। इस अवसर पर एक हजार नवनियुक्त अभ्यर्थियों के नियुक्ति पत्र वितरण तथा पुलिस कर्मियों को आउट आफ टर्न प्रमोशन भी किया गया।
पार्वती-कालीसिंध-चंबल लिंक राष्ट्रीय परियोजना अंतर्गत कूनो एवं उसकी सहायक नदियों पर गुना जिले में दो बांध, शिवपुरी जिले में तीन बांध एवं श्योपुर जिले के श्यामपुर में एक बैराज का निर्माण किया जायेगा।

कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री  जगदीश देवड़ा, उप मुख्यमंत्री  राजेन्द्र शुक्ला,जल संसाधन मंत्री  तुलसी सिलावट, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, श्रम मंत्री  प्रहलाद पटेल, राजस्व मंत्री  करण सिंह वर्मा, सांसद  वी.डी. शर्मा, पुलिस महानिदेशक  सुधीर कुमार सक्सेना, अपर मुख्य सचिव जल संसाधन डॉ. राजेश राजौरा उपस्थित थे।

उक्त कार्यक्रम के लाइव प्रसारण के दौरान एनआईसी कक्ष श्योपुर में कलेक्टर  लोकेश कुमार जांगिड, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती गुड्डी बाई आदिवासी, नगरपालिका अध्यक्ष श्रीमती रेणु सुजीत गर्ग, पूर्व विधायक  सीताराम आदिवासी, भाजपा जिला अध्यक्ष  सुरेन्द्र जाट, जिला पंचायत उपाध्यक्ष  नीरज जाट, भाजपा प्रदेश कार्य समिति सदस्य  कैलाश नारायण गुप्ता,  जयदीप तोमर, सीईओ जिला पंचायत  अतेन्द्र सिंह गुर्जर, अपर कलेक्टर डॉ अनुज कुमार रोहतगी, जल संसाधन कार्यपालन यंत्री  आरएन शर्मा, एसएलआर श्री मुन्ना सिंह गुर्जर आदि उपस्थित थे।
कार्यक्रम के उपरांत एनआईसी कक्ष श्योपुर में उपस्थित अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों द्वारा नव नियुक्त अभ्यर्थी श्री पियुष जाट को पटवारी पद के लिए नियुक्ति पत्र प्रदान किया गया।
श्यामपुर के पास कूनों नदी पर बनेगा बैराज
पार्वती-कालीसिंध-चंबल लिंक राष्ट्रीय परियोजना अंतर्गत कूनो नदी पर श्योपुर जिले के श्यामपुर में श्यामपुर बैराज का निर्माण प्रस्तावित है। इस बांध में 83.92 मिलियन घन मीटर पानी रोककर विजयपुर तहसील, मुरैना एवं भिंड जिले की 26000 हेक्टेयर भूमि सिंचित होगी। बांध में 03 मिलियन घन मीटर पानी पेयजल के लिए संग्रहित होगा, जिससे 1000 आबादी वाले लगभग 61 ग्रामों में पेयजल हेतु पानी उपलब्ध होगा एवं 01 मिलियन घन मीटर पानी उद्योग हेतु संग्र्रहित किया जायेगा। श्यामपुर बैराज की कुल लागत 2371.80 करोड ़आएगी। परियोजना के निर्माण के समय 5 वर्षो तक लगभग 17 लाख व्यक्तियो ंको प्रतिवर्ष रोजगार उपलब्ध होगा एवं निर्माण पश्चात कृषि में बढ़ोत्तरी, मछली पालन एवं अन्य कई तरह के रोजगार उत्पन्न होंगे। पार्वती-कालीसिंध-चंबल लिंक परियोजना की कुल लागत 72 हजार करोड रूपये है, इसके तहत 6.17 लाख हेक्टयर भूमि सिंचित होगी। राजस्थान और मध्यप्रदेश की संयुक्त इस परियोजना में मध्यप्रदेश के श्योपुर सहित 09 जिलो के 1613 ग्राम तथा 03 लाख 15 हजार 594 परिवार लाभान्वित होगे तथा मध्यप्रदेश में लगभग 4 लाख हेक्टयर भूमि सिंचित होगी